धानापुर। 8 वर्ष से धानापुर के लोगों को धानापुर में नई तहसील बनाने की बाते कही जा रही है। किंतु अब भी वह सपना पूरा नहीं हो पाया है। आलम यह है कि जब जनता का दबाव पड़ने लगा तो माननीय अपने वादे से मुकर रहे है। धानापुर में नई तहसील बनाने को लेकर तत्कालीन सांसद एवं केंद्रीय मंत्री डॉ महेंद्र नाथ पांडेय, वर्तमान विधायक सुशील सिंह सहित खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनता से जो वायदा किया था, वो अब तक पूरा नहीं हो पाया। यह अलग बात है कि विधायक सुशील सिंह ने जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर धानापुर में तहसील निर्माण की मांग किया और उन्हें उनका वायदा याद दिलाया तो उस वक्त विशेष सचिव, मुख्यमंत्री ईशान प्रताप सिंह ने एसीएस राजस्व से रिपोर्ट तो तलब किया। किंतु अब तक तहसील के निर्माण का सपना साकार नहीं हो पाया है।दरअसल चंदौली जिले के धानापुर विकास खंड में नई तहसील एवं नगवां चोचकपुर में गंगा नदी पर पक्कापुल के निर्माण की मांग को लेकर धानापुर विकास मंच (डीवीएम) पिछले 10 वर्षों से आंदोलन कर रहा है। जन सरोकार से जुडी इस मांग पर अपनी सहमति देते हुए उस वक्त के तत्कालीन सांसद एवं केंद्रीय मंत्री डॉ महेंद्र नाथ पांडेय ने 11 अक्टूबर 2018 और विधायक सुशील सिंह ने 24 अगस्त 2022 को मुख्यमंत्री को पत्र लिख धानापुर में नई तहसील बनाने की मांग किया।

बीते विधानसभा चुनाव के दौरान भी विधायक सुशील सिंह ने धानापुर में आयोजित जनसभा में सीएम योगी आदित्यनाथ के समक्ष इस मामले को उठाया और उनसे धानापुर में नई तहसील और नगवां चोचकपुर में गंगा नदी पर पक्कापुल के निर्माण की मांग रखी। जिस पर खुद मुख्यमंत्री ने भी यह मंच से कहा था कि अभी चुनाव आचार संहिता लगी हुई है। जैसे ही चुनाव बीता, धानापुर में नई तहसील बनाने का कार्य आरंभ कर दूंगा। 24 अगस्त 2022 को सैयदराजा के विधायक सुशील सिंह ने मुख्यमंत्री को उनका किया वायदा याद दिलाते हुए पत्र लिखा और उनसे राजस्व, क्षेत्रफल और जनसंख्या आंकड़ों के आधार पर धानापुर में नई तहसील के निर्माण की मांग किया। पिछले दिनों विधान सभा सत्र के दौरान भी विधायक सुशील सिंह ने यह मुद्दा उठाया और कहा कि जिले में कुल 5 तहसील हैं। जिसमें नौगढ़ 33 राजस्व क्षेत्र, चकिया 70 राजस्व क्षेत्र, चंदौली 73 राजस्व क्षेत्र, मुगलसराय 63 राजस्व क्षेत्र और सकलडीहा 164 राजस्व क्षेत्र समाहित है। ऐसे में सकलडीहा सबसे बड़ी तहसील है। इस वजह से यहां न्यायिक व राजस्व कार्य सुचारू रूप से संचालित नहीं हो पाते हैं। 2011 की जनगणना के अनुसार धानापुर की जनसंख्या 2 लाख 21 हजार 679 है। धानापुर में कुल 138 राजस्व ग्राम, 84 ग्राम पंचायतें हैं। धानापुर एक बाढ़ प्रभावित विकास खंड है जो महुंजी से प्रारंभ होकर दीयां तक फैला हुआ है। धानापुर के बाढ़ प्रभावित ग्राम सभाओं की दूरी सकलडीहा तहसील से 40 किमी पर है। जबकि धानापुर अधिकतम 15 किमी दूरी पर है। बावजूद इसके बजट सत्र की चर्चा पूर्ण हो गई। तहसील निर्माण का प्रस्ताव अमल में नहीं लाया जा सका है। कुछ ऐसी ही बाते शुक्रवार को नेगुरा में मिनी स्टेडियम के उद्घाटन कार्यक्रम में माननीय जी कह गए जो आम जन में चर्चा का विषय बन गया।

बजट सत्र में रहे मौन, धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में उठाया मुद्दा

चंदौली। वर्षो पहले से बजट सत्र में तहसील का मुद्दा उठाने का सब्जबाग दिखा चुके विधायक सुशील सिंह बजट सत्र में ही तहसील निर्माण का कोई प्रस्ताव नहीं दे पाए। किंतु जब उन्हें चुनाव के नजदीक आने और जन दबाव का एहसास हुआ तो धन्यवाद प्रस्ताव की चर्चा के दौरान ही सही उन्होंने तहसील और नगवां पक्कापुल की चर्चा कर दी। किंतु उनकी वह बात भी बेदम रही। जिसे लेकर अब चर्चा तेज हो गई है

क्या कहते है DVM संयोजक गोविंद उपाध्याय

 धानापुर में नई तहसील के निर्माण को लेकर तत्कालीन सांसद डॉ महेंद्रनाथ पांडेय एवं विधायक सुशील सिंह के कुछ प्रयासों को नकारा तो नहीं जा सकता है। किंतु सरकार के समक्ष ये नेता अपनी मांग को बुलंद करने में अक्षम साबित हो रहे हैं।