चंदौली। सकलडीहा क्षेत्र के ईटवा गांव में कथित धर्मांतरण की सूचना पर पुलिस की कार्रवाई के बाद मामला और गंभीर हो गया। गुरुवार को हिरासत में लिए गए छह आरोपियों से शुक्रवार को एटीएस और इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) की टीम ने गहन पूछताछ की। पूछताछ के बाद सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। पुलिस ने मौके से धार्मिक साहित्य और अन्य सामग्री भी बरामद करने का दावा किया है।

सूचना मिलते ही घर पर पहुंची पुलिस

पुलिस के अनुसार, ईटवा गांव स्थित जिला पंचायत सदस्य के भाई कमलेश राम के घर में कथित धर्मांतरण गतिविधि होने की सूचना मिली थी। इसके बाद सकलडीहा कोतवाली पुलिस और स्थानीय एलआईयू टीम ने मौके पर छापेमारी कर आधा दर्जन लोगों को हिरासत में लिया। पूछताछ के बाद सभी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।

धर्मांतरण कानून के तहत दर्ज हुआ मुकदमा


जांच के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम की धारा 3/5(1) के तहत मामला दर्ज किया। पुलिस का कहना है कि उपलब्ध तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।

छापेमारी में धार्मिक साहित्य और उपकरण बरामद

पुलिस ने दावा किया कि कार्रवाई के दौरान मौके से ईसाई धर्म से संबंधित सात बाइबिल, करीब 50 अन्य धार्मिक पुस्तकें, लगभग 200 पैम्फलेट, एक होम थिएटर, दो माइक, एक कार और दो मोटरसाइकिल बरामद की गईं। बरामद सामग्री को जांच के लिए कब्जे में लिया गया है।

एटीएस और आईबी ने की गहन पूछताछ

मामले की गंभीरता को देखते हुए शुक्रवार को एटीएस और इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) की टीम भी सकलडीहा पहुंची। दोनों एजेंसियों ने गिरफ्तार आरोपियों से विस्तृत पूछताछ की और मामले से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी जुटाई। पूछताछ केबाद सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया।

पांच अन्य लोगों को मुचलके पर किया गया पाबंद

पुलिस के अनुसार, प्रार्थना सभा में मौजूद पांच अन्य लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। उन्हें एसडीएम न्यायालय से एक-एक लाख रुपये के मुचलके पर पाबंद किया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।पुलिस बोली- जांच जारी, अन्य कड़ियों की तलाशकोतवाल भूपेंद्र कुमार निषाद ने बताया कि गिरफ्तार सभी छह आरोपियों से एटीएस और आईबी की टीम ने पूछताछ की है। न्यायालय के आदेश पर उन्हें जेल भेज दिया गया है। पुलिस पूरे प्रकरण की जांच कर रही है और मामले से जुड़े अन्य व्यक्तियों एवं तथ्यों का सत्यापन किया जा रहा है।