मिर्जापुर। जनपद के अहरौरा पुलिस, एसओजी (SOG) और सर्विलांस टीम ने संयुक्त रूप से एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए शराब की दुकानों को निशाना बनाने वाले एक बेहद शातिर अंतरजनपदीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ के दौरान दो अभियुक्तों के पैर में गोली लगी है, जबकि भाग रहे उनके दो अन्य साथियों को भी पुलिस ने घेराबंदी कर दबोच लिया। मुठभेड़ और गिरफ्तारी का घटनाक्रम, अपर पुलिस अधीक्षक (ऑपरेशन) मनीष मिश्रा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बताया कि पुलिस को मुखबिर के जरिए सूचना मिली थी कि शराब चोरी की घटनाओं में संलिप्त गिरोह एक पिकअप और कार के साथ अहरौरा क्षेत्र से गुजरने वाला है। सूचना के आधार पर जब पुलिस टीम ने संदिग्ध पिकअप को रोकने का प्रयास किया, तो बदमाशों ने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस पार्टी पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस द्वारा आत्मरक्षार्थ की गई जवाबी कार्रवाई में दो बदमाश गोली लगने से घायल हो गए, जिन्हें तत्काल उपचार हेतु अस्पताल भेजा गया।

वेयरहाउस बनाकर रखते थे चोरी का माल, पूछताछ में एक चौंकाने वाला खुलासा

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चोरों ने चोरी की गई शराब और अन्य सामान को सुरक्षित रखने के लिए अपना एक निजी वेयरहाउस बना रखा था। यह गिरोह मुख्य रूप से मिर्जापुर और सोनभद्र जनपद की देशी शराब की दुकानों को टारगेट करता था। चोरी के बाद माल को वेयरहाउस में डंप किया जाता था और फिर उसे मुगलसराय समेत अन्य इलाकों में खपाया जाता था। अपराधियों का विवरण और आपराधिक इतिहासगिरफ्तार किए गए चार आरोपियों में से तीन जनपद चंदौली के और एक मिर्जापुर का रहने वाला है।

गिरफ्तार अपराधियों का विवरण

करन बिंद (चंदौली) मुठभेड़ में घायल, इसके विरुद्ध 6 मुकदमे दर्ज हैं। गंगाराम बिंद (पकरी, मिर्जापुर) मुठभेड़ में घायल, इसके विरुद्ध 12 गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। दो अन्य सहयोगी जो कार में सवार थे और भागने की फिराक में थे। 7 से 8 बड़ी घटनाओं का सफल अनावरण,पुलिस की इस कार्रवाई से मिर्जापुर के कछवां, संतनगर, मडिहान, अहरौरा और सोनभद्र के रॉबर्ट्सगंज सहित कुल 7 से 8 बड़ी चोरी की घटनाओं का खुलासा हुआ है। अपराधियों के पास से भारी मात्रा में चोरी की शराब, नकद राशि, अवैध तमंचे, कारतूस और घटना में प्रयुक्त पिकअप व कार बरामद की गई है।

यह गिरोह पिछले करीब 5 वर्षों से सक्रिय था और इनके सदस्य पहले भी गैंगस्टर एक्ट के तहत जेल जा चुके हैं। हमने इनके पास से भारी मात्रा में माल और हथियार बरामद किए हैं। फिलहाल चारों अभियुक्तों को जेल भेजा जा रहा है और इनके पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच की जा रही है - मनीष मिश्रा, एएसपी ऑपरेशन