अदलहाट (मिर्जापुर)। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में सोमवार को फत्तेपुर स्थितv हनुमान मंदिर परिसर में 'हिन्दू सम्मेलन' का भव्य आयोजन किया गया। सकल हिन्दू समाज मण्डल जयपट्टी कला के तत्वाधान में आयोजित इस कार्यक्रम में वक्ताओं ने सामाजिक समरसता और प्रकृति संरक्षण पर विशेष जोर दिया।मुख्य वक्ता, काशी प्रान्त के गौ सेवा संयोजक अरविन्द ने कहा कि संघ के शताब्दी वर्ष में 'पंच परिवर्तन' अभियान के तहत पांच मुख्य विषयों सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण संरक्षण, स्वदेशी जागरण और नागरिक कर्तव्य पर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने ग्रामीणों से अधिक से अधिक पौधे लगाने, जल संरक्षण करने और प्लास्टिक व पॉलिथीन का पूर्ण त्याग करने की अपील की ताकि गौ माता और पर्यावरण दोनों की रक्षा हो सके।हिन्दू सनातन धर्म अनादि काल से देने की परम्परा है।हम सभी जनमानस को संगठित हिन्दू समर्थ भारत के उद्देश्य पर चलना चाहिए।हिन्दू वक्ता राजन तिवारी ने भगवान श्रीराम के जीवन का उदाहरण देते हुए समाज को एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि "बंटने के बजाय संगठित रहना ही हिन्दू समाज की शक्ति है। एक सूत्र में बंधकर ही हम वर्तमान चुनौतियों का सामना कर सकते हैं।" हिन्दू धर्म मानवता व वैज्ञानिकता का धर्म है जो ब्रह्मांड में सबकी पूजा करता है। मातृ शक्ति की ओर से बबीता और पुजारी राम लखन शास्त्री ने भी अपने विचार साझा किए।कार्यक्रम का शुभारंभ हवन-पूजन से हुआ और समापन भारत माता की सामूहिक आरती के साथ किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता समाजसेवी आलोक सिंह ने की व संचालन जिला मुख्य मार्ग प्रमुख गौरीशंकर द्वारा किया गया।इस अवसर पर संयोजक डॉ. गंगेश्वर प्रसाद द्विवेदी, शमशेर सिंह, प्रान्त सह कचरा प्रबन्धन गोविन्द श्रीवास्तव, खंड सेवा प्रमुख राजेश खन्ना, सुनील, नवीन, अंकित, योगेंद्र, अभय तिवारी, विपिन और मुकेश सिंह सहित बड़ी संख्या में मातृ शक्ति, युवा और ग्रामीण मौजूद रहे।

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हिन्दू सम्मेलन में उपस्थित लोग 
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हिन्दू सम्मेलन से पूर्व हवन पूजन करते आयोजक व हिन्दू समाज